हमारा ये बलिदान
लीजिए प्रेम उपहार, हे प्रभु
हमारा ये बलिदान ।
1. भूमि-उपज फल फूल
तेरे ही निज वरदान
स्वीकारो ये बलिदान ।
2.रोटी ये मानव श्रम की
हमारे हर पल के काम
स्वीकारो ये बलिदान ।
3. द्राक्षा रस मानव श्रम की
चढ़ाते ये दक्षिणा
स्वीकारो ये बलिदान ।
Song Link –
New Song (Naya Gaan) Page no. 75,
Hymn no. 31.
Hymn Book – (Naya Gaan)Sangeet Sagar
ChristianPrayerSongs
No comments:
Post a Comment