क्रूस के नीचे खड़ी हुई माँ
दु:खसागर में डूबी थी माँ
लख बेटे का कष्ट अपार । क्रूस के नीचे
1. दारुण दुःख से रही तड़पती
आहें भरती और विलखती
दिल में घुसी तेज तलवार ।
2. कलवारी पर कैसी शोकित
थी मरियम दुःखों में पीड़ित
उस इकलौते की यह माता ।
3. देख देख बेटे की तड़पन
ब्याकुल दुःख से था उसका मन
ऐसी थी वह पुनीत माता ।
4. येसु की जननी अति प्यारी
लख उनका संकट यह भारी
कौन नहीं आँसू बरसता ।
5. कोई नहीं रहा बेदर्दी
जिसको नहीं रहे हमदर्दी
माता का दुःख सहा न जाता।
6. जग के पापों के ही कारण
चोटें सह कर येसु का तन
पीड़ित था देखा माता ने ।
Song Link –
New Song (Naya Gaan) Page no. 148,
Hymn no. 20.
Hymn Book – (Naya Gaan)Sangeet Sagar
ChristianPrayerSongs
No comments:
Post a Comment